+917832878330

24/7

Himachal Pradesh, India

Hey Parmeshwar Main Tujhse Maangun

Share This Post

Hey Parmeshwar Main Tujhse Maangun Lyrics

हे परमेश्वर, मैं तुझसे मांगूं -2 
मांगूं मैं, दो वरदान 
मरने से पहले 
दे मुझे दे वरदान -2 
छल कपट और झूठ से बचा प्रभु -2
कल कभी संकट में नाम तुम्हारा 
बदनाम मैं न करूँ 
शुद्ध ह्रदय दे, परमपिता मुझे -2 
परमपिता मुझे 
कि सदा तुम्हारा, नाम सराहा करूँ -2 
हे परमेश्वर, मैं तुझसे मांगूं...
गरीबी न दे मुझे, 
अमीर भी बना न प्रभु -2 
मज़बूरी से कहीं नाम तुम्हारा 
कलंकित मैं न करूँ 
केवल इतना दे, जितना जरुरी है मुझे -2 
जितना जरुरी है मुझे 
कि सदा तुम्हारा, नाम सराहा करूँ -2 
हे परमेश्वर, मैं तुझसे मांगूं -2 
मांगूं मैं, दो वरदान 
मरने से पहले 
दे मुझे दे वरदान 
मांगूं मैं, दो वरदान 
मरने से पहले 
दे मुझे दे वरदान 
दे मुझे, दो वरदान
मरने से पहले 
दे मुझे दे वरदान 
दे मुझे दे वरदान 
दे मुझे दे वरदान 
Hey Parmeshwar Main Tujhse Maangun -2
Maangun Main Do Vardaan 
Marne Se Pehle 
De Mujhe De Vardaan -2 
Chhal Kapat Aur Jhuth Se Bacha Prabhu -2
Kal Kabhi Sankat Me Naam Tumhara 
Badnaam Main Na Karun 
Shuddh Hriday De, Parampita Mujhe -2 
Parampita Mujhe 
Ki Sada Tumhara, Naam Saraha Karun -2 
Hey Parmeshwar Main Tujhse Maangun...
Gareebi Na De Mujhe
Ameer Bhi Bana Na Prabhu -2 
Mazburi Se Kahin Naam Tumhara 
Kalankit Main Na Karun 
Kewal Itna De, Jitna Jaruri Hai Mujhe -2 
Jitna Jaruri Hai Mujhe 
Ki Sada Tumhara, Naam Saraha Karun -2 
Hey Parmeshwar Main Tujhse Maangun -2
Maangun Main Do Vardaan 
Marne Se Pehle 
De Mujhe De Vardaan 
Maangun Main, Do Vardaan 
Marne Se Pehle 
De Mujhe De Vardaan 
De Mujhe Do Vardaan 
Marne Se Pehle 
De Mujhe De Vardaan
De Mujhe De Vardaan
De Mujhe De Vardaan

Hey Parmeshwar Main Tujhse Maangun | Sudhakar Gandham

Lyrics and Composer : Sudhakar Gandham

मैं ने तुझ से दो वर माँगे हैं, इसलिये मेरे मरने से पहले, उन्हें मुझे देने से मुँह न मोड़, अर्थात् व्यर्थ और झूठी बात मुझ से दूर रख; मुझे न तो निर्धन कर और न धनी बना; प्रतिदिन की रोटी मुझे खिलाया कर। ऐसा न हो कि जब मेरा पेट भर जाए, तब मैं इन्कार करके कहूँ कि यहोवा कौन है? या अपना भाग खोकर चोरी करूँ, और अपने परमेश्‍वर का नाम अनुचित रीति से लूँ। – नीतिवचन 30:7-9

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here