24.3 C
Shimla
Tuesday, July 5, 2022

Popular

Mere Mangne Se Jyada

Mere Mangne Se Jyada

मेरे मांगने से ज्यादा 
मेरे सोचने से अच्छा 
मैंनें पाई है आशीष यीशु से 
मैं भटका हुआ मुसाफिर
मेरी राहों में थी मुश्किल 
मैंनें पाई है मंजिल यीशु से 
गैरों ने छोड़ा, अपनों ने भी ठुकराया
वीरान थी जिंदगी 
आँखों में आँसू, तन्हाइयों की रातें
मुश्किल में थी जिंदगी -2 
तूने अपना लहू बहाया, 
गुनाहों को मेरे धोया 
मैंनें पाई है माफी यीशु से 
मैं भटका हुआ मुसाफिर, 
मेरी राहों में थी मुश्किल 
मैंनें पाई है मंजिल यीशु से 
मेरे मांगने से ज्यादा 
जीवन ये मेरा है तेरे हवाले
तूने ही दी हर खुशी 
जाऊँ जहाँ मैं दूं तेरी गवाही
कितना अच्छा है तू मसीह -2 
तूने बाहें फैलाई, मुझ को दे दी चंगाई 
मैंने पाई है शान्ति यीशु से 
मैं भटका हुआ मुसाफिर, 
मेरी राहों में थी मुश्किल 
मैंनें पाई है मंजिल यीशु से

Mere Mangne Se Jyada

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

यदि आप हमारे इस कार्य में आर्थिक रीति से सहयोग देना चाहते हैं तो आप हमसे [email protected] पर संपर्क कर सकते हैं। या UPI द्वारा [email protected] पर अपनी योगदान राशि भेज सकते हैं।

Popular

Don't Miss