23.7 C
Shimla
Thursday, July 7, 2022

Popular

Jo Krus Pe Jati Hai Wo Raah Hamari Hai

Jo Krus Pe Jati Hai

जो क्रूस पे जाती है 
वो राह हमारी है -2 
वो क्रूस निशाना है -2
मंजिल वो हमारी है 
लम्बा है सफर अपना, बढ़ते ही जाना है 
है ताज रखा आखिर, उस ताज को पाना है 
अब कस लो कमर अपनी, शैतान से लड़ाई है
दुनियाँ ये नहीं अपनी सब कुछ बेगाना है 
कुछ रोज़ यहाँ रहना फिर छोड़ के जाना है 
रहबर वो हमारा है, पहचान पुरानी है 
दुःख दर्द बहुत इसमें, है जुल्मों सितम सहना 
हम दम वो हमारा है, रंजिदा नहीं रहना 
आता है कोई देखो, यीशु की सवारी है 
यकता है मोहब्बत जो, दुनियाँ से किया उसने 
मंजूर था मर जाना, खुद क्रूस लिया उसने 
क्या खूब मोहब्बत है, ये प्यार रूहानी है

Jo Krus Pe Jati Hai Wo Raah Hamari Hai

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

यदि आप हमारे इस कार्य में आर्थिक रीति से सहयोग देना चाहते हैं तो आप हमसे [email protected] पर संपर्क कर सकते हैं। या UPI द्वारा [email protected] पर अपनी योगदान राशि भेज सकते हैं।

Popular

Don't Miss